खून की कमी के लक्षण और 10 घरेलू उपाय – Anemia Home Remedies in Hindi

एनीमिया को हिंदी में खून की कमी, रक्ताल्पता या रक्तहीनता भी कहा जाता है। एनीमिया तब होता है जब रक्त में RBC (रेड ब्लड सेल्स) की मात्रा सामान्य से कम हो जाये।

रेड ब्लड सेल्स में हीमोग्लोबिन नामक आयरन युक्त प्रोटीन होता है जो रक्त कोशिकायों को ऑक्सीजन ले जाने में मदद करता है। परन्तु एनीमिया होने पर हीमोग्लोबिन की मात्रा कम हो जाती है और शरीर को पर्याप्त ऑक्सीजन नहीं मिल पाती।

वर्ल्ड हेल्थ आर्गेनाईजेशन के तहत पुरुषों में एक डेसीलिटर रक्त में 13 gm हीमोग्लोबिन और महिलायों में एक डेसीलिटर रक्त में 12 gm हीमोग्लोबिन की मात्रा होना जरुरी है। इससे कम मात्रा होने पर व्यक्ति को खून की कमी हो जाती है।

खून की कमी के मुख्य कारण हैं – रेड ब्लड सेल्स (RBC) के प्रोडक्शन में कमी आना, RBC का नाश अधिक होना या किसी दुर्घटना या बीमारी के कारण रक्त अत्यधिक नुक्सान हो जाना

जिन लोगों को कोई क्रोनिक डिजीज (वह बीमारियाँ जो लम्बे समय से हों और समय के साथ बढ़ती जाती हों जैसे हार्ट डिजीज, मधुमेह, अस्थमा और थाइरोइड) होती है उन्हें एनीमिया होने की सम्भावना अधिक होती है। कुछ शारीरिक अवस्थाएं जैसे मासिक धर्म के दौरान अधिक खून बहना, गर्भावस्था, अल्सर, पेट के रोग, कैंसर, ब्लीडिंग डिसऑर्डर, आयरन की कमी, फोलिक एसिड की कमी और विटामिन बी12 की कमी के कारण भी एनीमिया हो सकता है। कुछ मामलों में एनीमिया वंशानुगत बीमारी भी हो सकती है जो परिवार के लोगों में लम्बे समय से चली आती आ रही हो।

एनीमिया के लक्षण इसके कारणों और इसकी गंभीरता पर निर्भर करते हैं। इसके सामान्य लक्षण हैं – थकान, त्वचा का पीला पड़ना, दिल की धड़कन का तेज या अनियमित होना, सांस फूलना, छाती में जलन होना, चक्कर आना, सिर दर्द, घाव का जल्दी न भरना, हाथ-पैर ठन्डे होना, ऊर्जा में कमी आना, बाल झड़ना और ब्लड प्रेशर का हाई या लो होना

आप कुछ आसान उपायों को अपनाकर खून की कमी का घर पर ही उपचार कर सकते हैं। अपने हीमोग्लोबिन लेवल को बढ़ाने के लिए नीचे दिए गए टॉप 10 उप्यायों में से किसी को भी नियमित अपनाएं –

1. चुकंदर (Beetroot)

आयरन की कमी के कारण होने वाले एनीमिया में चुकंदर अत्यधिक फायदेमंद होता है। इसमें आयरन, फाइबर,  कैल्शियम, पोटैशियम, सल्फर और विटामिन भरपूर मात्रा में होते हैं।

इसके साथ ही यह शरीर को पोषण प्रदान करता है, उसे साफ़ रखता है और अंगों तक पर्याप्त ऑक्सीजन पहुँचाने में मदद करता है। इसके फलस्वरूप शरीर में रेड ब्लड सेल्स बढ़ने लगते हैं।

  • एक मध्यम आकार के चुकंदर को तीन गाजर और आधे शकरकंद के साथ काट लें। अब इन्हें जूसर में डालकर जूस तैयार करें। इस जूस का सेवन रोज एक बार करें।
  • आप चुकंदर को सब्जी या सलाद के रूप में भी इस्तेमाल कर सकते हैं। अधिक फायदा लेने के चुकंदर को छिलके के साथ सेवन करें।

2. शीरा (Blackstrap Molasses)

शीरा को पोषण प्रदान करने वाला पॉवर हाउस माना जाता है। खासतौर से खून की कमी के मरीजों के लिए।

यह आयरन, विटामिन बी और अन्य जरुरी खनिज पदार्थों का अच्छा स्त्रोत होता है जो रेड ब्लड सेल्स के उत्पादन को बढ़ाते है। एक बड़ी चम्मच शीरा हमारे शरीर की रोज की आयरन की जरुरत का 15 प्रतिशत हिस्सा प्रदान कर सकता है।

  • एक कप गर्म पानी या दूध में एक बड़ी चम्मच शीरा मिलाएं। इसे दिन में एक या दो बार सेवन करें। यह ड्रिंक गर्भवती महिलायों के लिए काफी फायदेमंद है।
  • एक और विकल्प है दो-दो चम्मच शीरा और एप्पल साइडर विनेगर (सेब का सिरका) को एक कप पानी में मिलकर सेवन करें।

3. पालक (Spinach)

अपने भोजन में हरी पालक को शामिल करना एनीमिया का काफी कारगर घरेलू इलाज है। पालक में अत्यधिक आयरन होने के साथ-साथ विटामिन बी12, फोलिक एसिड और ऊर्जा बढ़ाने वाले पोषक तत्व होते हैं।

डेढ़ कप पालक का सूप हमारे शरीर की रोजमर्रा की लगभग 35 प्रतिशत आयरन की जरूरत और 33 प्रतिशत फोलिक एसिड की जरूरत को पूरा कर सकती है।

  • रोज दिन में दो बार पालक के सूप सेवन करें। सूप बनाने के लिए पालक को थोड़े से पानी के साथ जूसर में डालकर जूस बनायें। अब एक कप जूस में एक चम्मच जैतून का तेल, दो कई हुई लहसुन की कलियाँ और थोड़ी सी कटी प्याज डालकर गर्म करें। इसे तब तक गर्म करें जब तक कि यह भूरे रंग का न हो जाएँ। अब ऊपर से थोड़े से और पालक के जूस को डाल दे और स्वादानुसार नमक मिलकर तबे पर हलकी आंच में 5-10 मिनट के सेंकें। आपका पालक का सूप तैयार है।
  • आप एक गिलास पालक के जूस में दो चम्मच शहद मिलकर भी सेवन कर सकते हैं।

इस उपाय को लगातार एक महीने तक रोज अपनाएं।

4. अनार (Pomegranate)

अनार आयरन और अन्य खनिज पदार्थों जैसे कैल्शियम और मैग्नीशियम से भरपूर होता है। इसमें विटामिन सी भी होता है जो शरीर को आयरन के अवशोषण में मदद करता है। इसलिए इसके सेवन से रेड ब्लड सेल्स और हीमोग्लोबिन की मात्रा बढ़ती है।

  • एक कप अनार के जूस में दो चम्मच शहद और एक चौथाई चम्मच दालचीनी का पाउडर मिलाएं। इसे रोज अपने नाश्ते के साथ सेवन करें।
  • या फिर दो चम्मच सूखे अनार के बीजों के पाउडर को एक गिलास गर्म दूध में घोलकर सेवन करें।
  • आप रोज सुबह एक मध्यम आकार के अनार का सेवन भी कर सकते हैं।

5. तिल के बीज (Sesame Seeds)

तिल में हाई आयरन होने के कारण यह भी एनीमिया को ठीक करने में मदद करती है। एक चौथाई कप तिल के बीज रोज की शरीर की जरुरत का 30 प्रतिशत आयरन प्रदान करते हैं।

  • दो चम्मच तिल के बीजों को दो-तीन घंटे के लिए पानी में भिगोकर रखें। अब इन्हें पीसकर पेस्ट तैयार करें। अब इसमें एक चम्मच शहद डालकर अच्छी तरह से मिला लें। इस मिश्रण का सेवन दिन में दो बार करें।
  • आप इसमें स्वादानुसार दूध और गुड़ मिलाकर भी सेवन कर सकते हैं।

6. खजूर (Dates)

खजूर में आयरन और विटामिन सी पाया जाता है। विटामिन सी शरीर में आयरन के अवशोषण में मदद करता है।

  • रात को एक कप दूध में दो खजूर डुबोकर रख दें। सुबह खाली पेट इन खजूरों को खा लें और दूध को पी लें।
  • इसके आलावा आप सुबह खाली पेट सूखे खजूरों का सेवन भी कर सकते हैं।

7. सेब (Apple)

सेब में जरूरी पोषक तत्व भरपूर मात्रा में होते हैं जो एनीमिया के इलाज में काफी मदद करते हैं।

  • रोज कम से कम एक सेब जरुर खाएं। अगर संभव हो तो हरे सेब का सेवन करें। इसे छिलके के साथ खाएं।
  • फ्रेश एप्पल जूस में समान मात्रा में चुकंदर का जूस और थोड़ा सा शहद मिलाएं। इस जूस को रोज दो बार सेवन करें।

8. केला (Banana)

केला में आयरन की मात्रा अधिक होती है। यह हीमोग्लोबिन और अन्य रेड ब्लड सेल्स के गठन को बढ़ाने वाले एंजाइमों के उत्पादन को बढ़ावा देता है। साथ ही इसमें मैग्नीशियम भी होता है जो हीमोग्लोबिन संश्लेषण में मदद करता है।

  • रोज दिन में दो बार एक पके केले को एक चम्मच शहद के साथ सेवन करें।
  • या फिर एक केले को एक चम्मच आंवला के रस के साथ मैशअप करके सेवन करें। इसका सेवन दिन में दो-तीन बार करें।

9. सूखे काले किशमिश

सूखे काले किशमिश में आयरन और विटामिन सी की सांद्रता (concentration) अधिक होने के कारण यह खून की कमी के इलाज में काफी कारगर घरेलू औषधि है। विटामिन सी शरीर की आयरन को सोखने की क्षमता को बढ़ाकर रेड ब्लड सेल्स और हीमोग्लोबिन को बढ़ाता है।

  • रात को 10 से 12 काले सूखे किशमिश को पानी में भिगोकर रख दें।
  • सुबह इनके बीजों को अलग कर दें।
  • इन्हें रोज खाली पेट नाश्ता करने से पहले सेवन करें।
  • इस उपचार को कम से कम एक महीने के लिए करें।

10. मेंथी (Fenugreek)

मेंथी में भी आयरन की मात्रा अधिक होती है जो रक्त में आयरन के संतुलन को बनाये रखने मदद करती है। यह नए रेड ब्लड सेल्स के उत्पादन को भी बढ़ावा देती है। मेंथी के बीज और पत्तियां दोनों ही एनीमिया के इलाज में फायदेमंद हैं।

  • एक कप चावल में दो चम्मच मेंथी के बीज डालकर पकाएं। इसमें स्वादानुसार नमक डालकर दिन में एक बार सेवन करें। इस उपाय को कम से कम तीन हफ्तों के लिए रोज करें।
  • आप मेंथी की पत्तियों को सब्जी, सलाद या सूप के रूप में इस्तेमाल कर सकते हैं।

ऊपर दिए गए उपचार एनीमिया या खून की कमी के मरीजों में रेड ब्लड सेल्स की मात्रा को बढ़ाने के लिए फायदेमंद हैं। इसके साथ ही एनीमिया से बचे रहने के लिए नियमित संतुलित आहार का सेवन और हेल्थी लाइफस्टाइल जीने की जरुरत होती है।

5 Responses

  1. रितेश्वर श्रीवास कहते हैं:

    एनीमिया को जड़ से खत्म करने का कोई इलाज नहीं?

  2. केसर कहते हैं:

    मेरे नाखून बहुत टाइम सर पीले हो रहे हैं एक हाथ में, क्या यह भी ब्लड की कमी से हो रहा है.

  3. संजय कहते हैं:

    हीमोग्लोबिन 5.7 है क्या करें.

  4. दुष्यंत कहते हैं:

    क्या एनीमिया वाले शादी कर सकते हैं?

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